आस्था के साथ मनाई गई देवशयनी एकादशी:4 महीने नहीं होंगे मांगलिक कार्यक्रम, 4 नवंबर को देवउठनी एकादशी से होगी मांगलिक कार्यक्रमों की शुरुआत
हम भारती न्यूज से गोरखपुर जिला ब्यूरो प्रमुख धर्मेन्द्र कुमार श्रीवास्तव
गोरखपुर में रविवार को देवशयनी एकादशी धूमधाम और आस्था के साथ से मनाई जाएगी। भक्तों ने भगवान विष्णु की विधि विधान के साथ पूजा अर्चना करने के साथ ही एकादशी का व्रत भी रखा। चतुर्मास प्रारंभ होने पर भगवान विष्णु अगले 4 महीनों तक योग निद्रा में रहेंगे।
अब 4 नवंबर को देवउठनी एकादशी मनाई जाएगी। इस दिन भगवान विष्णु योगनिद्रा से उठेंगे और मांगलिक कार्यों की शुरुआत भी अब 4 महीने बाद शुरू होगी।
पूरे दिन शुभ संयोग
पंडित विनोद तिवारी के मुताबिक हिंदी पंचांग के अनुसार रविवार 10 जुलाई को सूर्योदय 5:15 बजे और आषाढ़ शुक्ल एकादशी का मान सुबह 9:21 बजे तक रहा। विशाखा नक्षत्र सुबह 6:10 तक और उसके बाद शुभ संयोग संपूर्ण दिन और रात 10:23 तक है।
117 दिनों तक योग निद्रा में रहेंगे भगवान विष्णु
ज्योतिषाचार्य के मुताबिक रविवार से 117 दिनों तक भगवान विष्णु योग निद्रा में चले जाएंगे। इसी योगनिद्रा को चतुर्मास कहा जाता है। शास्त्रों के मुताबिक चतुर्मास में भगवान विष्णु की योगनिद्रा के दौरान मांगलिक कार्य नहीं किए जाते हैं।
अब देवउठनी एकादशी पर भगवान विष्णु के योग निद्रा से जागने के बाद ही मांगलिक कार्य शुरू होते हैं। ऐसे में अब 4 महीने बाद देव शयनी एकादशी आज मनाई जाएगी। 4 नवंबर को देवउठनी एकादशी होगी।
