हम भारती न्यूज़ मंडल व्यूरो चीफ राजेश्वर सिंह संभल से खास खबर
आउटसोर्स कार्मिकों के हितों की सुरक्षा और पारदर्शी व्यवस्था की दिशा में ऐतिहासिक पहल
मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी ने किया उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम का शुभारंभ
जनपद संभल में कलेक्ट्रेट सभागार बहजोई में हुआ सजीव प्रसारण का आयोजन
संभल (बहजोई), 02 सितंबर 2026
माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी द्वारा आज आउटसोर्स कार्मिकों के भविष्य को सुरक्षित एवं उज्ज्वल बनाने की दिशा में उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम का शुभारंभ किया गया।
इस अवसर पर माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा आउटसोर्स कार्मिकों के हितों, अधिकारों, सुरक्षा, मानदेय, सामाजिक सुरक्षा एवं पारदर्शी व्यवस्था को लेकर अनेक महत्वपूर्ण एवं ऐतिहासिक घोषणाएं की गईं।
माननीय मुख्यमंत्री जी ने कहा कि सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के साथ-साथ विभिन्न सरकारी कार्यालयों में कार्यरत कार्मिकों के हितों के लिए भी प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि “सुशासन की पहली शर्त संवेदनशीलता है।” यदि आउटसोर्स कार्मिक दिन-रात मेहनत और पूरी निष्ठा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हैं, तो उनके परिश्रम के प्रति उनके अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करना सरकार का दायित्व है। इसी संवेदनशीलता के साथ आउटसोर्स नियमावली के अंतर्गत कार्मिकों के अधिकारों, सुरक्षा एवं पारदर्शिता को सुनिश्चित किया जा रहा है।
इसी क्रम में जनपद संभल के कलेक्ट्रेट सभागार, बहजोई में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें माननीय मुख्यमंत्री जी के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं आउटसोर्स कार्मिकों द्वारा देखा एवं सुना गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि माननीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), माध्यमिक शिक्षा, उत्तर प्रदेश शासन श्रीमती गुलाब देवी जी, विशिष्ट अतिथि माननीय जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. श्रीमती अनामिका यादव जी, भाजपा जिलाध्यक्ष श्री हरेंद्र सिंह रिंकू जी, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व श्री सत्यप्रिय सिंह, मुख्य विकास अधिकारी श्री गोरखनाथ भट्ट सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
आउटसोर्स कार्मिकों के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं
माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा आउटसोर्स कार्मिकों के हित में की गई घोषणाओं के अंतर्गत—
प्रत्येक माह की 01 से 05 तारीख के मध्य मानदेय का भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा।
नए एवं पुराने सभी आउटसोर्स कार्मिकों के ईपीएफ एवं ईएसआई खाते अनिवार्य रूप से खोले जाएंगे।
कार्मिकों को मानदेय का भुगतान सीधे उनके बैंक खातों में किया जाएगा।
मनमानी एवं असमान कमीशन की व्यवस्था समाप्त कर एकीकृत एवं पारदर्शी तंत्र स्थापित किया जाएगा।
नियमानुसार एससी, एसटी, ओबीसी, ईडब्ल्यूएस, महिला एवं दिव्यांगजन के लिए आरक्षण का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
किसी भी सेवा प्रदाता एजेंसी द्वारा विभाग एवं यूपीसीओएस की सहमति के बिना किसी कार्मिक को हटाया नहीं जा सकेगा।
प्रत्येक आउटसोर्स कार्मिक का यूपीसीओएस में माइग्रेशन किया जाएगा।
प्रत्येक कार्मिक को विशिष्ट यूनिक कोड एवं पहचान पत्र जारी किया जाएगा।
कार्मिकों की कार्यक्षमता एवं दक्षता बढ़ाने के लिए समय-समय पर प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
आउटसोर्स कार्मिकों की शिकायतों के प्रभावी निस्तारण के लिए शिकायत निवारण की सुदृढ़ व्यवस्था विकसित की जाएगी।
“आउटसोर्स सेवा निगम से कार्मिकों के हितों को मिलेगा संरक्षण” : मुख्य विकास अधिकारी
मुख्य विकास अधिकारी श्री गोरखनाथ भट्ट ने कहा कि प्रदेश सरकार का यह ऐतिहासिक निर्णय आउटसोर्स कार्मिकों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने कहा कि यदि किसी सेवा प्रदाता संस्था द्वारा आउटसोर्स कार्मिकों का उत्पीड़न किया जाता है तो नए आउटसोर्स सेवा निगम के माध्यम से उनकी शिकायतों का प्रभावी ढंग से निस्तारण किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि निगम के गठन से प्रदेश के विभिन्न सरकारी विभागों में आउटसोर्स कार्मिकों के संबंध में एकरूपता एवं पारदर्शिता आएगी। इससे विभिन्न विभागों में मानदेय एवं सुविधाओं को लेकर उत्पन्न होने वाली विसंगतियों और विवादों का समाधान होगा तथा आउटसोर्स कार्मिकों को अधिक सुरक्षित एवं बेहतर कार्य वातावरण उपलब्ध होगा।
“सरकार का निर्णय आउटसोर्स कार्मिकों के लिए क्रांतिकारी कदम” : भाजपा जिलाध्यक्ष
भाजपा जिलाध्यक्ष श्री हरेंद्र सिंह रिंकू ने कहा कि आज का दिन आउटसोर्स कार्मिकों के लिए ऐतिहासिक है। उन्होंने पुराने समय का उल्लेख करते हुए कहा कि पूर्व में आउटसोर…

.jpeg)