रामराज्य वाली सरकार द्वारा उच्चतम न्यायालय के 1982 के पुरानी पेंशन के स्पष्टीकरण की अवहेलना– रूपेश
पेंशन मौलिक अधिकार इसे खत्म नहीं कर सकती सरकार– अश्वनी
एनपीएस व्यवस्थापिका और कार्यपालिका के बीच की खाई इसे खत्म करे सरकार– मदनमुरारी
हम भारती न्यूज से गोरखपुर मण्डल ब्यूरो प्रमुख धर्मेन्द्र कुमार श्रीवास्तव
गोरखपुर 22 फरवरी राज्य कर्मचारी संघ परिषद की एक आवश्यक बैठक बोर्ड ऑफिस गोरखपुर में संपन्न हुई जिसकी अध्यक्षता बोर्ड ऑफिस के अध्यक्ष कनिष्क गुप्ता एवं संचालन श्री मदन मुरारी शुक्ल ने किया, बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में परिषद के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव एवं विशिष्ट अतिथि मंत्री श्री अश्वनी श्रीवास्तव मौजूद रहे, अपने संबोधन में मुख्य अतिथि ने कहा की रामराज्य वाली यह सरकार माननीय उच्चतम न्यायालय के चीफ जस्टिस वाई वी चंद्रचूड़ के अध्यक्षता में 1982 में आए 5 जजों के उस फैसले की अवहेलना कर रही है जिसमें पुरानी पेंशन को कर्मचारियों का मौलिक अधिकार बताया गया है जो कि निम्मनवत है।
1. पेंशन कर्मचारियों का मौलिक अधिकार है ।
2. पेंशन केवल पिछली सेवाओं के लिए एक पुरस्कार है।
3. पेंशन किसकी भीख नहीं है
4. किसी सरकार के पास पेंशन रद्द करने का अधिकार नहीं है।
5. पेंशन ही एक कल्याण है जो आर्थिक न्याय प्रदान करती है।
6. पेंशन एक जीवित भत्ता है जो हर सेवानिवृत कर्मचारी को सम्मान के साथ जीने के लिए दिया जाता है।
मंत्री श्री अश्वनी श्रीवास्तव ने कहा की पेंशन कर्मचारियों का मौलिक अधिकार इससे सरकार समाप्त नहीं कर सकती इसलिए सरकार इसे पुनः बहाल करें।
संचालन कर रहे उपाध्यक्ष मदन मुरारी शुक्ल ने कहा की एनपीएस व्यवस्थापिका और कार्यपालिका के बीच खाई पैदा कर रहा है जहां व्यवस्थापिका को पुरानी पेंशन मिल रही हैं वही कार्यपालिका को एनपीएस देकर सरकार अपना दोहरा चरित्र उजागर कर रही हैं
अध्यक्षता कर रहे कनिष्क गुप्ता ने कहा की पुरानी पेंशन बहाली तक संघर्ष जारी रहेगा क्योंकि उच्चतम न्यायालय के फैसले की अवहेलना हो रही है।
इस अवसर पर वरुण बैरागी गोविंद जी, मदन मुरारी शुक्ल, बंटी श्रीवास्तव, राजेश सिंह, कनिष्क गुप्ता, प्रभुदयाल सिन्हा फुलई पासवान,त्रिपुरारी दूबे, महेन्द्र चौहान, डा. एसके विश्वकर्मा,राजेंद्र शर्मा, अशोक पांडेय, पीयूष रंजन मिश्रा, भृगुनाथ चौहान, अनिल सिंह राहुल चौरसिया, महेश सिंह, शंभू, दीलिप मिश्रा, संजीव, लव कुश, संतोष गुप्ता, रंजीत किशोर, यशवीर श्रीवास्तव, जितेंद्र कुमार, विनीता सिंह, विजय शर्मा, अनूप कुमार आदि उपस्थित रहे।
